चंदौली में बिगड़ी क़ानून व्यवस्था के खिलाफ कांग्रेसजनों का ज़ोरदार प्रदर्शन


चंदौली जिले में लगातार बिगड़ती क़ानून व्यवस्था के विरोध में जिला कांग्रेस कमेटी के नेतृत्व में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने ज़ोरदार प्रदर्शन किया। कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं ने बढ़ते अपराधों के खिलाफ विरोध मार्च निकालकर प्रशासन और सरकार के खिलाफ अपना आक्रोश प्रकट किया।
उक्त अवसर पर मौजूद उत्तर प्रदेश कॉंग्रेस कमेटी के महासचिव व अखिल भारतीय कॉंग्रेस कमेटी के सदस्य देवेन्द्र प्रताप सिंह मुन्ना ने विरोध मार्च के बाद धरना-प्रदर्शन को संबोधित करते हुवे कहा कि जनपद- चंदौली में विगत कुछ महीनों के अंदर जघन्य अपराधों की संख्या तेज़ी से बढ़ी है। कुछ महीनों में ही रोहिताश पाल सहित एक दर्जन से ज़्यादा जघन्य हत्याएँ ज़िले में हो चुकि हैं।एक बिक्षिप्त महिला के साथ सामूहिक बलात्कार के बाद हत्या का प्रयास व एक ६ वर्षीय बच्ची के साथ सामूहिक बलात्कार व हत्या की जघन्य घटना ने लोगों को आक्रोशित कर दिया है।ऐसे में चंदौली पुलिस अधीक्षक सहित पूरे पुलिस महकमे की कार्य शैली पर सवाल खड़ा होना स्वाभाविक है।अपनी नाकामी से घबराये हुवे पुलिस अधीक्षक महोदय से अगर ज़िले की क़ानून व्यवस्था नहीं सम्हल रही है तो,कॉंग्रेस जनों पर बल प्रयोग करने की जगह उनको अपने पद से स्तीफ़ा दे देना चाहिये।
धरना प्रदर्शन को संबोधित करते हुवे चंदौली कॉंग्रेस के ज़िलाध्यक्ष अरुण द्विवेदी ने कहा कि अपराधियों ने चंदौली को अपना चारागाह समझ लिया है। पुलिस महकमा ज़िले में क़ानून व्यवस्था सम्हालने में नाकाम रहा है।चंदौली में थाने दुकान की तरह हैं, लोगों को न्याय दिलाने व दोषियों पर कार्यवाही की जगह धन उगाही के साधन बनकर रह गये हैं।भाजपा सरकार में अपराधी और सरकार दोनों मिलकर अराजकता फैला रहे हैं।कॉंग्रेस पार्टी इन अपराधियों व अराजक सरकार से लोगों को मुक्ति दिलाकर रहेगी।कॉंग्रेस ज़िलाध्यक्ष ने भाजपा सरकार पर आरोप लगाते हुवे कहा कि अपराधियों को सरकार का संरक्षण प्राप्त है जिसके कारण अपने आकाओं के निर्देश पर बेख़ौफ़ अपराधी जघन्य अपराधों को अंजाम दे रहे हैं।
विरोध मार्च के दौरान पुलिस ने सुरक्षा व्यवस्था के तहत बैरिकेडिंग कर कांग्रेस कार्यकर्ताओं को बीच रास्ते में ही रोक दिया, जिसके बाद यह मार्च धरना-प्रदर्शन में तब्दील हो गया।धरने को संबोधित करते हुए कांग्रेस नेताओं ने जिले में हो रही जघन्य अपराधों की घटनाओं, सामूहिक बलात्कार और हत्याओं पर गहरी चिंता जताई। उन्होंने कहा कि अपराधियों में कानून का कोई भय नहीं रह गया है और आम जनता खुद को असुरक्षित महसूस कर रही है। कांग्रेस नेताओं ने पुलिस प्रशासन की कार्यशैली पर सवाल उठाते हुए आरोप लगाया कि भाजपा सरकार अपराधियों को संरक्षण दे रही है, जिससे अपराध लगातार बढ़ रहे हैं।कांग्रेस ने पुलिस अधीक्षक से तत्काल इस्तीफे की मांग करते हुए कहा कि जिले में कानून व्यवस्था पूरी तरह विफल हो चुकी है। नेताओं ने चेतावनी दी कि यदि शीघ्र सुधार नहीं हुआ तो कांग्रेस आंदोलन को और तेज करेगी। अंत में कांग्रेस प्रतिनिधिमंडल ने अपनी मांगों से संबंधित ज्ञापन सीओ सदर को सौंपकर कड़ी कार्रवाई की मांग की।
उक्त अवसर पर मधु राय, गंगा प्रसाद ,हीरा लाल शर्मा ,सतीश बिंद ,रामा नंद यादव, दया राम पटेल ,रजनी कांत पांडे, अकील अहमद, राजेंद्र गौतम ,मुनीर खान ,राममूरत गुप्ता, शाहिद तौसीफ, माधवेंद्र मूर्ति ओझा, राधेश्याम यदुवंशी, परमहंस सिंह राजपूत, संतोष तिवारी, हम्मीर शाह ,नवीन पाण्डेय, दिलीप यादव, शिव तपस्या तिवारी ,श्री कांत पाठक ,अनिल श्रीवास्तव, राकेश सिंह ,राकेश पाठक, राजकिशोर सिंह, चंद्रशेखर,मो आजम, अभिषेक मिश्रा, असगर अली, सम साद खान ,कमलेश, संत मदन लाल, दीनदयाल विश्वकर्मा, प्रेमचंद गुप्ता, अखिलेश्वर पाठक ,अमरदेव राम, शमशेर खा ,इम्तियाज अहमद, निखिल सिंह ,किरण श्रीवास्तव, संतोष चौबे, संजीव त्रिपाठी, मुकेश नंदन, नेयाज अहमद, उदय उपाध्याय ,इंद्रजीत मिश्रा, संजय मिश्रा ,रिंकू तिवारी, अनवर, सादात, संजय जायसवाल, रमेश पांडे ,अजय माली ,इकबाल अहमद, सहित सैकड़ो कांग्रेस जन उपस्थित रहे।



