चंदौली:हाईटेंशन तार की चपेट में आने से किसान की दर्दनाक मौत,बिजली विभाग पर लापरवाही का आरोप

जनपद चंदौली के बरहनी विकास खंड अंतर्गत ग्राम पई (थाना कंदवा) में बिजली विभाग की कथित लापरवाही से एक किसान की दर्दनाक मौत हो गई। यह घटना आज सुबह करीब 5 बजे की बताई जा रही है, जब पारस बिंद (उम्र लगभग 52 वर्ष) अपने खेत में गेहूं की सिंचाई करने के लिए निकले थे।प्रत्यक्षदर्शियों और ग्रामीणों के अनुसार, खेत में पहले से ही 11 हजार वोल्ट का हाईटेंशन बिजली का तार टूटकर गिरा हुआ था। अंधेरा होने के कारण पारस बिंद को इसकी जानकारी नहीं हो सकी और वे अनजाने में गिरे हुए तार की चपेट में आ गए। तेज करंट लगते ही वे मौके पर ही गिर पड़े। ग्रामीणों ने बताया कि करंट इतना अधिक था कि मृतक के कपड़े तक जलने लगे।घटना की जानकारी मिलते ही आसपास के लोग मौके पर पहुंचे, लेकिन तार में करंट प्रवाहित होने के कारण कोई भी तुरंत पास जाने की हिम्मत नहीं कर सका। बाद में बिजली आपूर्ति बंद कराई गई, तब जाकर उन्हें तार से अलग किया गया। परिजन और ग्रामीण आनन-फानन में उन्हें अस्पताल ले जाने की तैयारी कर रहे थे, लेकिन तब तक उनकी मौत हो चुकी थी।मृतक पारस बिंद अपने परिवार के एकमात्र कमाऊ सदस्य बताए जा रहे हैं। उनके परिवार में चार बेटियां और दो बेटे हैं। चार बेटियों में से तीन की शादी हो चुकी है, जबकि एक अभी अविवाहित है। वहीं दोनों बेटों की उम्र करीब 16 वर्ष और 19 वर्ष बताई जा रही है। इस हादसे के बाद पूरे परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है और गांव में शोक का माहौल व्याप्त है।ग्रामीण लाल बहादुर ने बिजली विभाग पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि विभाग की लापरवाही लगातार सामने आ रही है। उन्होंने बताया कि करीब दो साल पहले भी उनके बेटे की मौत बिजली विभाग की लापरवाही से हुई थी, लेकिन आज तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई। यदि समय रहते गिरे हुए तारों की मरम्मत और निगरानी की जाती, तो आज एक और जान नहीं जाती।ग्रामीणों और परिजनों ने जिला प्रशासन से मृतक परिवार को आर्थिक सहायता, उचित मुआवजा तथा दोषी अधिकारियों व कर्मचारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। सूचना मिलने पर स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची और आवश्यक कार्रवाई में जुट गई है।यह हृदयविदारक घटना एक बार फिर ग्रामीण क्षेत्रों में जर्जर बिजली व्यवस्था और सुरक्षा इंतजामों पर गंभीर सवाल खड़े करती है।




